बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही, एक माह का भेज दिया 21 हजार का बिल
- By UP Samachaar Plus --
- Tuesday 26 May, 2026
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महराजगंज। विद्युत विभाग एक बार फिर अपनी कार्यशैली को लेकर सवालों के घेरे में है। सदर क्षेत्र के धनेवा-धनेई गांव के एक गरीब उपभोक्ता को बिजली विभाग ने एक माह का करीब 21 हजार रुपये का बिल थमा दिया, जिसे देखकर उपभोक्ता के होश उड़ गए। पीड़ित का आरोप है कि मीटर रीडर की मनमानी और विभागीय लापरवाही के चलते उसे परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार, उपभोक्ता ने जब अचानक आए भारी-भरकम बिजली बिल को देखा तो वह माथा पकड़कर बैठ गया। पीड़ित ने मीटर रीडर से बिल अधिक आने का कारण पूछा तो उसने कथित तौर पर जवाब दिया कि “जाकर एसडीओ से पूछ लो।”
इसके बाद परेशान बुजुर्ग उपभोक्ता भीषण गर्मी में विद्युत वितरण केंद्र पहुंचा और सदर एसडीओ से बिल की शिकायत की। आरोप है कि वहां से भी उसे संतोषजनक जवाब नहीं मिला और दोबारा मीटर रीडर के पास भेज दिया गया। उपभोक्ता का कहना है कि बाद में मीटर रीडर ने बिल के पीछे करंट रीडिंग लिख दी और कहा कि “जो करना हो करा लो।”
पीड़ित के मुताबिक, एक महीने के बिल में करीब 4287 यूनिट की अतिरिक्त रीडिंग जोड़ दी गई है। उपभोक्ता लगातार बिजली विभाग के अधिकारियों और मीटर रीडर से संपर्क कर रहा है, लेकिन अब तक उसका बिल संशोधित नहीं किया गया है।
इस घटना के बाद बिजली विभाग की कार्यप्रणाली और मीटर रीडरों की मनमानी पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि विभागीय लापरवाही के कारण आम उपभोक्ताओं का आर्थिक शोषण हो रहा है।
अब देखना होगा कि खबर सामने आने के बाद विभाग पीड़ित उपभोक्ता को राहत देता है या फिर मामला अन्य शिकायतों की तरह ठंडे बस्ते में चला जाएगा।


